नगरपालिका क्षेत्र में कार्यरत ठेका सफाई कर्मचारियों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया है। कर्मचारियों के इस कदम से नगर क्षेत्र की सफाई व्यवस्था प्रभावित होने लगी है।
कर्मचारियों ने ठेकेदार द्वारा नियुक्त कथित सुपरवाइजर को हटाने सहित कई लंबित मांगों को लेकर आंदोलन शुरू किया है। अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस और वाल्मीकि सेना के बैनर तले कर्मचारियों ने पहले रामलीला मैदान में बैठक आयोजित की और उसके बाद रैली निकालते हुए उपखंड कार्यालय पहुंचे।
यहां कर्मचारियों ने जोरदार प्रदर्शन कर अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा। उन्होंने साप्ताहिक अवकाश, न्यूनतम वेतन के अनुसार भुगतान और ठेका प्रथा समाप्त करने की मांग रखी।
प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका में ठेकेदार द्वारा एक गैर वाल्मीकि व्यक्ति को सुपरवाइजर नियुक्त किया गया है, जो कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार करता है। कर्मचारियों ने मांग की कि सुपरवाइजर के पद पर वाल्मीकि समाज के व्यक्ति को नियुक्त किया जाए।
करीब एक घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने मौके पर अधिकारियों को बुलाने की मांग की। इस पर सहायक अभियंता हरिसिंह कुमावत मौके पर पहुंचे और कर्मचारियों से वार्ता की, लेकिन कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका।
अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के जिलाध्यक्ष इंद्राज वाल्मीकि, सुरेंद्र वाल्मीकि और सुल्तान वाल्मीकि सहित अन्य नेताओं ने आरोप लगाया कि कर्मचारियों को लंबे समय से न्यूनतम वेतन नहीं दिया जा रहा है।
कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि सोमवार तक उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई और सुपरवाइजर को नहीं हटाया गया, तो कार्य बहिष्कार जारी रहेगा और आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
इस दौरान कर्मचारियों ने उपखंड अधिकारी के नाम तहसीलदार लालाराम यादव को ज्ञापन सौंपा।




