UP में विधायक फंड के कामों में कमीशन मांगने का आरोप
लखनऊ/प्रयागराज। उत्तर प्रदेश में विधायक निधि से होने वाले विकास कार्यों को लेकर कमीशनखोरी के गंभीर आरोप सामने आए हैं। एक मीडिया स्टिंग रिपोर्ट में दावा किया गया है कि विकास कार्यों के लिए विधायक निधि से जारी होने वाली रकम में कथित तौर पर 35 प्रतिशत कमीशन की मांग की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, इस मामले में भाजपा और समाजवादी पार्टी से जुड़े विधायकों से ऑन-कैमरा बातचीत की गई, जिसमें विकास कार्यों के बदले कमीशन की कथित मांग सामने आई।
विधायक निधि और कमीशन का मुद्दा
रिपोर्ट के अनुसार, सड़क निर्माण और अन्य विकास कार्यों को लेकर बातचीत के दौरान कथित तौर पर ठेकेदार या संबंधित व्यक्ति से कमीशन की राशि तय करने की बात सामने आई। आरोप है कि कुछ मामलों में 35 प्रतिशत कमीशन से कम पर काम आगे बढ़ाने को लेकर सहमति नहीं दिखाई गई।
यह मामला सामने आने के बाद विधायक निधि से होने वाले विकास कार्यों की पारदर्शिता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। विधायक निधि का उद्देश्य क्षेत्र में सड़क, नाली, सामुदायिक भवन और अन्य जनहित से जुड़े विकास कार्य कराना है। ऐसे में यदि विकास राशि में अनधिकृत कमीशन की मांग के आरोप सही पाए जाते हैं तो यह गंभीर प्रशासनिक और राजनीतिक मामला हो सकता है।
भाजपा और सपा विधायकों से बातचीत का दावा
स्टिंग रिपोर्ट में भाजपा और सपा के विधायकों को लेकर भी गंभीर दावे किए गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, पत्रकारों ने विकास कार्यों को लेकर विधायकों से बातचीत की और कथित कमीशन को लेकर सवाल किए। बातचीत में सामने आई कथित बातों को रिपोर्ट में कैमरे पर रिकॉर्ड किए जाने का दावा किया गया है।
हालांकि, किसी भी जनप्रतिनिधि पर लगे आरोपों को अंतिम सत्य नहीं माना जा सकता। आरोपों की वास्तविकता तय करने के लिए संबंधित दस्तावेजों, भुगतान रिकॉर्ड, टेंडर प्रक्रिया और आधिकारिक जांच जरूरी होगी। संबंधित पक्षों का स्पष्टीकरण भी पूरे मामले की तस्वीर स्पष्ट करने में महत्वपूर्ण होगा।
विकास कार्यों की गुणवत्ता पर भी सवाल
विधायक निधि में कथित कमीशनखोरी का सीधा असर विकास कार्यों की गुणवत्ता पर पड़ने की आशंका रहती है। यदि किसी परियोजना की स्वीकृत राशि का बड़ा हिस्सा कथित कमीशन में चला जाए तो निर्माण कार्य में लागत घटाने, घटिया सामग्री इस्तेमाल करने या काम की गुणवत्ता से समझौता करने की संभावना बढ़ सकती है।
इसी वजह से विधायक निधि से होने वाले प्रत्येक कार्य में



