ईरानी खतरे के बीच गुप्त विमान बदलाव
नताली हार्प की भूमिका पर सबसे ज्यादा चर्चा उस समय शुरू हुई जब जुलाई में तुर्की से ट्रंप की वापसी के दौरान सुरक्षा खतरे के बीच विमान बदलने की खबर सामने आई। रिपोर्टों के मुताबिक संभावित ईरानी हमले की आशंका के चलते ट्रंप को एयर फोर्स वन से हटाकर एक अलग सैन्य विमान में ले जाया गया।
इस दौरान ट्रंप के साथ जाने वाले लोगों की संख्या बेहद सीमित थी। नताली हार्प भी उन चुनिंदा सहयोगियों में शामिल थीं, जिन्हें इस गुप्त विमान बदलाव के दौरान राष्ट्रपति के साथ जाने की अनुमति मिली।
इस घटनाक्रम ने सवाल खड़ा किया कि आखिर राष्ट्रपति के इतने करीब रहने वाली हार्प की भूमिका क्या है और सुरक्षा से जुड़े बेहद संवेदनशील हालात में उन्हें इतनी महत्वपूर्ण पहुंच क्यों मिली।
ट्रंप के साथ हर जगह नजर आती हैं हार्प
नताली हार्प लंबे समय से ट्रंप के राजनीतिक सर्कल का हिस्सा रही हैं। वह 2020 से 2022 तक One America News Network में होस्ट के तौर पर भी काम कर चुकी हैं। इसके बाद वह ट्रंप की टीम में शामिल हुईं और धीरे-धीरे उनके बेहद करीबी सहयोगियों में गिनी जाने लगीं।
उनकी खासियत यह भी बताई जाती है कि वह ट्रंप के लिए उनके पसंदीदा समाचार और सकारात्मक रिपोर्टों की प्रिंट कॉपी तक तैयार रखती हैं। इसी वजह से उन्हें मीडिया में “ह्यूमन प्रिंटर” जैसे उपनाम से भी संबोधित किया गया है।
क्यों कहा जाता है ‘ह्यूमन प्रिंटर’?
रिपोर्टों के मुताबिक हार्प अपने साथ पोर्टेबल प्रिंटर रखती थीं और ट्रंप के लिए महत्वपूर्ण या उनके पक्ष में प्रकाशित खबरों की प्रतियां तुरंत निकालकर उपलब्ध कराती थीं। वह ट्रंप के सोशल मीडिया कंटेंट में भी भूमिका निभाती हैं।
कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि वह ट्रंप के लिए पोस्ट के ड्राफ्ट तैयार करने और उन्हें प्रकाशित कराने की प्रक्रिया में भी शामिल रहती हैं। इस भूमिका ने उन्हें राष्ट्रपति के संचार तंत्र में अपेक्षाकृत असामान्य प्रभाव दिया है।
1.5 लाख डॉलर सालाना वेतन
व्हाइट हाउस की आधिकारिक 2026 स्टाफ रिपोर्ट में नताली हार्प का पद स्पेशल असिस्टेंट टू द प्रेसिडेंट और एग्जीक्यूटिव असिस्टेंट टू द प्रेसिडेंट बताया गया है। रिपोर्ट में उनका सालाना वेतन 1,50,000 डॉलर दर्ज है।
भारतीय मुद्रा में यह रकम करीब 1.4 करोड़ रुपये से अधिक बैठती है, हालांकि डॉलर-रुपया विनिमय दर के अनुसार भारतीय रुपये में वास्तविक राशि बदलती रहती है।
ट्रंप और हार्प की नजदीकी पर क्यों उठ रहे सवाल?
हार्प की लगातार मौजूदगी ने अमेरिकी राजनीति में उनके प्रभाव को लेकर बहस छेड़ दी है। कुछ आलोचकों का सवाल है कि एक कार्यकारी सहायक को राष्ट्रपति के इतने करीब और इतने संवेदनशील मामलों में कितनी भूमिका मिलनी चाहिए।
वहीं ट्रंप के समर्थक और उनके सहयोगी हार्प को एक भरोसेमंद और मेहनती अधिकारी बताते हैं। मीडिया रिपोर्टों में उनके प्रति ट्रंप की मजबूत व्यक्तिगत निष्ठा और विश्वास का भी उल्लेख किया गया है।



