मिनाब स्कूल हमले में अमेरिकी भूमिका से ट्रम्प का इनकार, बोले- सबूत नहीं देखा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के मिनाब गर्ल्स स्कूल पर हुए हमले में अमेरिकी मिसाइल के इस्तेमाल से इनकार किया है। ट्रम्प ने कहा कि उस समय क्षेत्र में कई दिशाओं से मिसाइलें दागी जा रही थीं, इसलिए यह तय करना मुश्किल है कि हमले के लिए वास्तव में कौन जिम्मेदार था।
ट्रम्प ने कहा, “किसी ने कहा कि यह हमारी मिसाइल थी, लेकिन हो सकता है कि वह हमारी मिसाइल न हो। मैंने ऐसा कोई सबूत नहीं देखा जिससे यह लगे कि यह हमला हमने किया था।”
हालांकि, करीब 10 दिन पहले ट्रम्प ने इस घटना को एक गलती बताया था और कहा था कि स्कूल को जानबूझकर निशाना नहीं बनाया गया था। उनके इस ताजा बयान के बाद मामले को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।
शुरुआती जांच में अमेरिकी भूमिका की आशंका
मार्च में सामने आई कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि सैन्य स्तर पर की गई शुरुआती जांच में हमले के पीछे अमेरिकी बलों की भूमिका होने की आशंका जताई गई थी। हालांकि अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) ने अब तक इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी होने की बात कही है।
हमले में 175 से अधिक लोगों की मौत
ईरान के अनुसार 28 फरवरी को मिनाब स्थित एक गर्ल्स स्कूल पर हुए हमले में 175 से अधिक बच्चों और शिक्षकों की मौत हो गई थी। इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा दी थी और कई मानवाधिकार संगठनों ने इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की थी।
संयुक्त राष्ट्र ने बताया था भयावह हमला
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय (UNHRC) ने इस हमले को भयावह और गंभीर मानवीय त्रासदी बताया था। संगठन ने नागरिकों, विशेष रूप से बच्चों और शैक्षणिक संस्थानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया था।
मिनाब स्कूल हमला अब भी अंतरराष्ट्रीय जांच और राजनीतिक बहस का विषय बना हुआ है। दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि जांच में आखिरकार हमले के लिए जिम्मेदार पक्ष कौन साबित होता है।




