दृश्यम देखकर पिता की हत्या की साजिश रचने का आरोप
बिहार के समस्तीपुर से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें पुलिस के मुताबिक एक युवक ने फिल्म ‘दृश्यम’ से प्रेरित होकर अपने पिता की हत्या की योजना बनाई और पुलिस को गुमराह करने के लिए अपनी मोबाइल लोकेशन छिपाने की कोशिश की।
पुलिस के अनुसार घटना 26 जुलाई की रात हलई थाना क्षेत्र के दरवा गांव में हुई थी। मामले की जांच के बाद आरोपी बेटे शिव शंकर सहनी को गुजरात के सूरत से गिरफ्तार किया गया है।
सूरत से समस्तीपुर पहुंचा और फिर वापस लौट गया
पुलिस के मुताबिक आरोपी सूरत से ट्रेन के जरिए बिहार पहुंचा। इसके बाद वह पटना, हाजीपुर और पटोरी होते हुए अपने गांव पहुंचा। पुलिस का दावा है कि वारदात के बाद वह उसी रास्ते से वापस निकल गया और फिर सूरत लौट गया।
आरोपी ने कथित तौर पर अपनी मोबाइल लोकेशन से पुलिस को भ्रमित करने के लिए फोन बंद कर दिया था। उसे लगा कि फोन बंद रहने से पुलिस उसके मूवमेंट का पता नहीं लगा पाएगी।
एक फोन कॉल ने पूरी कहानी बदल दी
पुलिस के अनुसार आरोपी की योजना में सबसे बड़ी चूक तब हुई जब उसने वापस लौटते समय अपना फोन चालू किया और पत्नी से बातचीत की।
पुलिस ने कॉल डिटेल और टावर लोकेशन की जांच की तो घटना वाली रात उसके मोबाइल की लोकेशन पटोरी इलाके में मिली। इसके बाद करीब 36 घंटे बाद फोन दोबारा सूरत में एक्टिव हुआ।
यही तकनीकी जानकारी पुलिस की जांच में अहम सुराग बनी और आरोपी के बताए घटनाक्रम पर सवाल खड़े हुए।
पिता की मौत के बाद भी अंतिम संस्कार में नहीं पहुंचा
रिपोर्ट के मुताबिक पिता की मौत के बाद आरोपी कई दिनों तक परिवार से दूर रहा। वह अंतिम संस्कार में भी शामिल नहीं हुआ, जिसके बाद परिवार और गांव में उसके व्यवहार को लेकर संदेह बढ़ा।
पुलिस जांच के दौरान उसकी मां की ओर से भी बेटे पर शक जताए जाने की बात सामने आई। इसके बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और अन्य जानकारियों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई।
जमीन को लेकर विवाद की बात भी सामने आई
पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी ने पिता और पत्नी के साथ विवाद की बात बताई। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि वह कुछ जमीन बेचना चाहता था, लेकिन ऐसा नहीं कर पा रहा था।
हालांकि मामले में हत्या के पीछे की पूरी वजह और अन्य परिस्थितियों की पुष्टि जांच और कानूनी प्रक्रिया के दौरान होगी। अभी पुलिस के आरोपों और पूछताछ में सामने आई जानकारी को अंतिम न्यायिक निष्कर्ष नहीं माना जा सकता।



