रानीवाड़ा नगर में श्री पीपा क्षत्रिय 9 पट्टी दर्जी समाज नवपति ट्रस्ट के तत्वावधान में संत श्री पीपा जी महाराज की 703वीं जन्म जयंती बड़े ही श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर पूरे नगर में भक्तिमय वातावरण छाया रहा और समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लेकर आयोजन को ऐतिहासिक बना दिया।
जयंती के उपलक्ष्य में रात्रि के समय भव्य भजन संध्या का आयोजन किया गया। इसमें संत-महात्माओं द्वारा प्रस्तुत किए गए मधुर भजनों ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। भक्ति गीतों की मधुर धुन पर युवक-युवतियां, महिलाएं और बुजुर्ग सभी झूमते नजर आए। पूरी रात श्रद्धालु भक्ति रस में डूबे रहे और वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया।
अगले दिन प्रातःकाल पीपाजी मंदिर से भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें दर्जी समाज के लोगों का उत्साह देखते ही बनता था। शोभायात्रा में छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए और जयकारों के साथ नगर में भ्रमण किया।
यह शोभायात्रा पीपाजी मंदिर से प्रारंभ होकर मुख्य बाजार, पुलिस थाना, भीनमाल रोड, सरकारी अस्पताल और हाई स्कूल सहित शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पुनः मंदिर परिसर में पहुंचकर संपन्न हुई। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं द्वारा फूलों की वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया गया, जिससे आयोजन की भव्यता और भी बढ़ गई।
कार्यक्रम संतों के सानिध्य में आयोजित हुआ, जिनमें तारातरा के श्री श्री 1008 बलदेव पुरी जी, श्री श्री 1008 गुप्तानंद गिरी जी महाराज (सिणधरी) और श्री श्री 1008 दुर्गानंद गिरी जी (निम्बड़ कोर्ट) विशेष रूप से उपस्थित रहे। संतों ने अपने प्रवचनों में धर्म, सेवा, सद्भाव और समाज में एकता बनाए रखने का संदेश दिया।
इस अवसर पर गत वर्ष के लाभार्थियों का माला और साफा पहनाकर सम्मान किया गया। साथ ही इस वर्ष के सवामणि (सडावे) भी लिए गए। समाज के लोगों ने पूरे उत्साह के साथ धार्मिक परंपराओं का निर्वहन किया।
पूरे आयोजन के दौरान ढोल-नगाड़ों और भक्ति संगीत की धुन पर श्रद्धालु झूमते नजर आए और नगर का माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। अंत में सभी श्रद्धालुओं ने संत श्री पीपा जी महाराज से समाज की उन्नति, सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।




