रामगढ़ में सरपंच प्रत्याशी शंकरलाल मोहनपुरिया के कार्यों पर ग्रामीणों से बातचीत
शंकरलाल मोहनपुरिया के पिता भंवरलाल करीब दो वर्षों तक गौशाला अध्यक्ष रहे। इसके बाद शंकरलाल मोहनपुरिया पिछले लगभग आठ वर्षों से गौशाला अध्यक्ष के रूप में जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
ग्रामीणों के अनुसार, उनके कार्यकाल में जनसहयोग और सामूहिक प्रयासों से गौशाला के विकास के लिए कई काम किए गए। इनमें गौशाला के लिए करीब 30 बीघा भूमि उपलब्ध कराना, परिसर में लगभग 3,500 पौधे लगाना और बोरवेल की व्यवस्था करना शामिल है।
गौशाला के विकास को लेकर ग्रामीणों ने क्या कहा?
गौशाला के विकास और गौसेवा के लिए किए गए प्रयासों का जिक्र किया। उनका कहना था कि शंकरलाल मोहनपुरिया ने इस काम में सक्रिय भूमिका निभाई है। ग्रामीणों के मुताबिक, जनसहयोग से किए गए इन प्रयासों से गौशाला के विकास को आगे बढ़ाने में मदद मिली।
सरपंच पद पर देखने की जताई इच्छा
कई ग्रामीणों ने बातचीत में कहा कि वे शंकरलाल मोहनपुरिया को सरपंच पद पर देखना चाहते हैं। उनका मानना है कि गौशाला के विकास में दिखाई गई सक्रियता और समर्पण का लाभ ग्राम पंचायत के विकास कार्यों में भी मिल सकता है।



