राजस्थान यूनिवर्सिटी पीएचडी एडमिशन में बड़ा खुलासा, 453 छात्रों को दस्तावेज सत्यापन का नोटिस
राजस्थान यूनिवर्सिटी की पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया के दौरान दस्तावेजों की जांच में बड़ी संख्या में अनियमितताएं सामने आई हैं। प्रारंभिक जांच में 453 आवेदनों में विभिन्न प्रकार की विसंगतियां मिलने के बाद संबंधित अभ्यर्थियों को मूल दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए नोटिस जारी किए गए हैं।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, निर्धारित समय सीमा तक दस्तावेज जमा नहीं करने वाले अभ्यर्थियों के आवेदन नियमों के अनुसार निरस्त किए जा सकते हैं। दस्तावेज सत्यापन के बाद ही अंतिम मेरिट सूची जारी की जाएगी।
जांच में क्या-क्या मिला?
दस्तावेजों की जांच के दौरान कुछ आवेदनों में नेट स्कोर से जुड़े रिकॉर्ड में विसंगतियां, वर्ष संबंधी त्रुटियां और प्रमाणपत्रों में असंगति जैसी बातें सामने आईं। कुछ मामलों में अलग-अलग दस्तावेज संलग्न करने और पात्रता संबंधी जानकारी में अंतर भी पाया गया।
प्रवेश प्रक्रिया पर असर
राजस्थान यूनिवर्सिटी में लगभग दो वर्ष बाद पीएचडी की 984 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू की गई है। इस बार प्रवेश प्रक्रिया यूजीसी के निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार नेट स्कोर और इंटरव्यू के आधार पर आयोजित की जा रही है।
अंतिम सूची से पहले होगा सत्यापन
विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि सभी दस्तावेजों का सत्यापन पूरा होने के बाद ही अंतिम चयन सूची जारी की जाएगी। यदि किसी अभ्यर्थी के दस्तावेज नियमों के अनुरूप नहीं पाए जाते हैं, तो संबंधित आवेदन पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।




