41 किमी लंबे मेट्रो कॉरिडोर पर 13 हजार करोड़ खर्च, 36 नए स्टेशन बनेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज जयपुर मेट्रो के 41 किलोमीटर लंबे सेकेंड फेज का शिलान्यास किया। प्रहलादपुरा से सीकर रोड टोडी तक बनने वाले इस महत्वाकांक्षी मेट्रो कॉरिडोर पर करीब 13 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। परियोजना को साढ़े पांच साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और पूरे कार्य को 5 जोन में विभाजित किया गया है।
यह परियोजना पिछले 15 वर्षों से विभिन्न चरणों में बदलावों के बाद अब धरातल पर उतर रही है। इसकी पहली डीपीआर वर्ष 2011 में कांग्रेस सरकार के दौरान तैयार की गई थी। इसके बाद कांग्रेस और भाजपा सरकारों के कार्यकाल में इसमें 5 बार संशोधन हुए, जिन पर लगभग 12 करोड़ रुपए खर्च किए गए। करीब डेढ़ साल पहले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सरकार ने इस परियोजना को अंतिम मंजूरी दी।
एसएमएस स्टेडियम में हुआ लाइव प्रसारण
प्रधानमंत्री के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण जयपुर के एसएमएस स्टेडियम के इनडोर स्टेडियम में किया गया। इस दौरान राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा, जयपुर शहर सांसद मंजू शर्मा, स्थानीय विधायक और बड़ी संख्या में नागरिक मौजूद रहे।
वसुंधरा राजे ने प्रधानमंत्री का जताया आभार
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का धन्यवाद करते हुए कहा कि उन्होंने राजस्थान को एक नहीं बल्कि दो बड़ी सौगातें दी हैं।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2016 में बाड़मेर की विशाल रैली में रिफाइनरी का शिलान्यास किया गया था और प्रधानमंत्री जिस परियोजना की शुरुआत करते हैं, उसे पूरा भी करते हैं। उन्होंने कहा कि पचपदरा रिफाइनरी का कार्य अब अंतिम चरण की ओर बढ़ रहा है, जो राजस्थान के लिए गर्व की बात है।
36 स्टेशन, पहला चरण 12 किलोमीटर
मेट्रो अधिकारियों के अनुसार, पूरे 41 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर में 36 स्टेशन बनाए जाएंगे।
पहला जोन: प्रहलादपुरा से पिंजरापोल गोशाला तक 12 किमी, लागत 918 करोड़ रुपए।




