अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात के बीच इजराइल का हमला
लेबनान में तनाव के बीच उस वक्त बड़ा घटनाक्रम हुआ, जब प्रधानमंत्री नवाफ सलाम अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात कर रहे थे और इसी दौरान इजराइल ने दक्षिणी लेबनान में एयर स्ट्राइक कर दी। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, सलाम ने लेबनान में अमेरिकी राजदूत माइकल इस्सा और लेबनान के लिए विशेष सैन्य समन्वय समूह के प्रमुख जनरल जोसेफ क्लियरफील्ड से मुलाकात की थी।
बैठक के दौरान लेबनानी प्रधानमंत्री ने इजराइल के सैन्य अभियान को रोकने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने लेबनानी इलाकों में जारी कार्रवाई को खत्म करने, नागरिकों को राहत देने और इजराइली सेना की वापसी के लिए स्पष्ट समय-सीमा तय करने की मांग रखी।
बातचीत के बीच टायर जिले में एयर स्ट्राइक
बताया गया कि अमेरिकी अधिकारियों के साथ प्रधानमंत्री की बैठक चल रही थी, तभी इजराइली लड़ाकू विमानों और ड्रोन ने दक्षिणी लेबनान के टायर जिले में कई जगहों को निशाना बनाया। हमले अल-मंसूरी शहर से जुड़े अल-मशा इलाके और आसपास के खेती वाले क्षेत्रों में किए जाने की जानकारी सामने आई है।
इसके अलावा टायर के दक्षिण-पूर्व में स्थित अल-मंसूरी शहर में भी हमले किए गए। हालांकि, इन ताजा हमलों में कितना नुकसान हुआ है और कितने लोग प्रभावित हुए हैं, इसकी पूरी जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है।
युद्धविराम के बावजूद जारी हैं हमले
लेबनान के दक्षिणी हिस्से में इजराइल और हिज्बुल्लाह के बीच तनाव लंबे समय से बना हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, युद्धविराम पर सहमति के बावजूद इजराइली हमले पूरी तरह नहीं रुके हैं। इजराइल का दक्षिणी लेबनान के कई इलाकों पर नियंत्रण भी बना हुआ है।
इसी बीच लेबनान सरकार लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी चिंताएं उठा रही है। प्रधानमंत्री नवाफ सलाम की अमेरिकी अधिकारियों के साथ हुई बैठक को भी इसी कोशिश का हिस्सा माना जा रहा है।
UNIFIL को लेकर भी उठी मांग
दक्षिणी लेबनान में नागरिकों की सुरक्षा को लेकर ह्यूमन राइट्स वॉच ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से भी अपील की है। संगठन ने मांग की है कि इलाके में अंतरराष्ट्रीय सेना की मौजूदगी सुनिश्चित की जाए, ताकि आम नागरिकों की सुरक्षा हो सके और इजराइली सेना तथा हिज्बुल्लाह से जुड़े कथित उल्लंघनों को रोका जा सके।




