Categories लोड हो रही हैं...

सांसद कुलदीप इंदौरा ने संसद में वन भूमि मुद्दा उठाया

सांसद कुलदीप इंदौरा ने संसद में वन भूमि पर बसे लोगों के नियमितीकरण और सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए ठोस कार्रवाई की मांग की।

साहब राम3 April 2026
सांसद कुलदीप इंदौरा ने संसद में वन भूमि मुद्दा उठाया

श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ के सांसद कुलदीप इंदौरा ने लोकसभा में शून्यकाल के दौरान वन भूमि पर बसे लोगों के नियमितीकरण का अहम मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े किए।

सांसद इंदौरा ने कहा कि देशभर में, विशेष रूप से राजस्थान में, बड़ी संख्या में लोग वर्षों से वन भूमि, जोहड़ पायतन और नर्सरी क्षेत्रों में निवास कर रहे हैं, लेकिन अब तक उनका नियमितीकरण नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि इन लोगों को न तो भूमि के पट्टे दिए जा रहे हैं और न ही वे सरकारी योजनाओं का लाभ उठा पा रहे हैं।

उन्होंने स्पष्ट किया कि इसमें वहां बसे लोगों की कोई गलती नहीं है, क्योंकि जब ये लोग वहां बसे थे, तब प्रशासन और संबंधित विभागों को समय रहते उचित कार्रवाई करनी चाहिए थी, जो नहीं की गई।

इंदौरा ने कहा कि वर्तमान स्थिति में उन्हीं क्षेत्रों में सरकार द्वारा स्कूल, स्वास्थ्य सेवाएं और अन्य बुनियादी सुविधाएं विकसित की जा चुकी हैं, लेकिन वहां रहने वाले गरीब लोगों को उनके अधिकार देने में लगातार देरी हो रही है। उन्होंने इसे सरकार की नीतियों में विरोधाभास बताया।

वन भूमि के उपयोग को लेकर भी सांसद ने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर जिसे वन भूमि घोषित किया गया है, वहां न तो पेड़-पौधे हैं और न ही कोई वास्तविक वन क्षेत्र विकसित किया गया है।

अपने संसदीय क्षेत्र का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि हनुमानगढ़ जिले के रावतसर क्षेत्र के गांव 10 DWD में लगभग 12.525 बीघा भूमि पर लोग बसे हुए हैं, जबकि उसके सामने उतनी ही भूमि वर्षों से खाली पड़ी है, जिसे कागजों में वन भूमि या नर्सरी के रूप में दर्ज किया गया है, लेकिन उसका कोई उपयोग नहीं हो रहा।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार और प्रशासन बसे हुए लोगों को हटाने की बात करते हैं, लेकिन खाली और अनुपयोगी वन भूमि के बेहतर उपयोग के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाते। उन्होंने यह भी कहा कि हनुमानगढ़ के कोहला फार्म जैसे लगभग 10,000 बीघा क्षेत्र आज भी बंजर पड़े हैं, जिनका उपयोग आवारा पशुओं के संरक्षण, चिकित्सा सुविधा और जल प्रबंधन के लिए किया जा सकता है।

सांसद कुलदीप इंदौरा ने मांग की कि सरकार राष्ट्रीय स्तर पर सर्वे कर वन भूमि पर बसे लोगों का नियमितीकरण करे, उन्हें उनके अधिकार प्रदान करे और उपलब्ध सरकारी भूमि का वैज्ञानिक व व्यवस्थित उपयोग सुनिश्चित करे।

News Detail Ad 1
Ad1
Ad2
News Detail Ad 1
Ad1
Ad2

उन्होंने अंत में कहा कि यदि सरकार वास्तव में गरीबों और वंचित वर्ग के हितों के प्रति गंभीर है, तो इस मुद्दे पर जल्द ही ठोस और न्यायसंगत निर्णय लिया जाना चाहिए।


सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें राजनीति की हर हलचल, क्रिकेट और स्पोर्ट्स की हर अपडेट, और देश-दुनिया की बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए eNews Bharat के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से जुड़ना न भूलें।
Instagram: https://www.instagram.com/enewsrajasthan
Facebook: https://www.facebook.com/RajasthaneNews
YouTube (Subscribe): https://www.youtube.com/@eNewsBharat24
X (Twitter): https://x.com/eNewsRajasthan

यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू eNewsBharat के साथ जुड़े रहें देश-विदेश की बड़ी राजनीतिक घटनाएँ, जीएसटी फ्रॉड से जुड़ी अहम जानकारियाँ, स्पोर्ट्स और जनहित से जुड़ी हर ज़रूरी खबर — पल-पल की सटीक जानकारी के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें। आपका भरोसा ही हमारी ताकत है। हम आगे भी आपको सबसे तेज़, निष्पक्ष और भरोसेमंद खबरें पहुँचाते रहेंगे।

#कुलदीपइंदौरा #वनभूमि #लोकसभा #राजस्थानराजनीति #हनुमानगढ़ #श्रीगंगानगर #गरीबअधिकार #सरकारीनीति #eNewsBharat

सांसद कुलदीप इंदौरा ने संसद में वन भूमि मुद्दा उठाया | eNews Bharat