टोडारायसिंह क्षेत्र के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय कूकड़ में समग्र शिक्षा अभियान के तहत प्रधानाचार्यों की दो दिवसीय सत्रारम्भ वाकपीठ संगोष्ठी का सफल समापन मंगलवार को हुआ। यह संगोष्ठी माध्यमिक शिक्षा निदेशक, राजस्थान बीकानेर के निर्देशों की पालना में आयोजित की गई थी, जिसमें ब्लॉक के सभी प्रधानाचार्यों ने सक्रिय रूप से भाग लिया।
संगोष्ठी के विभिन्न सत्रों में विशेषज्ञ वक्ताओं द्वारा संस्था प्रधान के दायित्व, वित्तीय प्रबंधन, पीएमश्री विद्यालय संचालन, परीक्षा परिणाम सुधार, प्रकरणों के निस्तारण एवं अनुशासनात्मक कार्यवाही जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से मार्गदर्शन दिया गया।
इसके साथ ही प्रवेशोत्सव, नामांकन वृद्धि, हरियालो राजस्थान अभियान, महात्मा गांधी वाचनालय, प्रभावी प्रार्थना सभा तथा नो बैग डे जैसी शैक्षणिक गतिविधियों पर भी चर्चा की गई, जिससे विद्यालयों में समग्र विकास को बढ़ावा मिल सके।
द्वितीय दिवस के सत्र में आधार रेखा आकलन, उपचारात्मक शिक्षण, शिक्षण योजनाएं, छात्र कल्याणकारी योजनाएं, बालिका शिक्षा, शाला दर्पण एवं यू-डाइस पोर्टल अपडेट जैसे विषयों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। साथ ही समग्र शिक्षा की गतिविधियों, पोषाहार एवं बाल गोपाल दूध योजना पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
समापन समारोह में जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) राजेश शर्मा मुख्य अतिथि रहे, जबकि अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी कृष्ण गोपाल एवं साक्षरता प्रभारी अनिल चतुर्वेदी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कमलेश शर्मा ने की।
वाकपीठ संगोष्ठी के अध्यक्ष ओमप्रकाश जांगिड़ एवं संयोजक सुरेश शर्मा ने कार्यक्रम का संचालन किया। इस अवसर पर शिक्षा की गुणवत्ता सुधार, बेहतर प्रबंधन एवं विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव सामने आए।




