अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान (विद्यालय शिक्षा) के तत्वावधान में खंड केशवरायपाटन में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय परिसर में खंड स्तरीय कार्यकर्ता प्रशिक्षण अभ्यास वर्ग का आयोजन किया गया।
खंड अध्यक्ष विजय मिलिंद ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यक्रम के मुख्य वक्ता संभाग संयुक्त मंत्री अनिल सामरिया रहे, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में जिला मंत्री अंकित गौतम उपस्थित रहे। वहीं खंड प्रभारी के रूप में जिला सहसंयोजक एवं मीडिया प्रभारी बजरंग लाल मेघवाल ने कार्यक्रम में सहभागिता निभाई।
अभ्यास वर्ग के दौरान मुख्य वक्ता अनिल सामरिया ने संगठन की संरचना पर प्रकाश डालते हुए बताया कि राजस्थान शिक्षक संघ (राष्ट्रीय) का नाम बांसवाड़ा प्रदेश अधिवेशन के निर्णय के अनुसार वर्ष प्रतिपदा विक्रम संवत् 2083 से बदलकर अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ राजस्थान (विद्यालय शिक्षा) कर दिया गया है। साथ ही उपशाखा को अब ‘खंड’ के नाम से जाना जाएगा।
उन्होंने संगठन के ध्येय वाक्य “सा विद्या या विमुक्तये” के अनुसार कार्य करने पर जोर देते हुए कहा कि “राष्ट्र के हित में शिक्षा, शिक्षा के हित में शिक्षक और शिक्षक के हित में समाज” की भावना ही संगठन की मूल विचारधारा है।
जिला मंत्री अंकित गौतम ने शैक्षिक नवाचार पर प्रकाश डालते हुए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा में शिक्षकों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया और संगठन के मूल मंत्र को अपनाने का आह्वान किया।
खंड प्रभारी बजरंग लाल मेघवाल ने संगठन की संरचना को विस्तार से समझाते हुए आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा प्रस्तुत की। उन्होंने आगामी सत्र के लिए सदस्यता अभियान को तेज करने और संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प दिलाया।
बैठक के दौरान शिक्षकों की विभिन्न लंबित समस्याओं जैसे पदोन्नति, स्थानांतरण नीति और विद्यालय स्तर पर आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों पर भी गंभीर चर्चा की गई।
कार्यक्रम का संचालन खंड मंत्री प्रेम शंकर सैनी द्वारा किया गया। इस अवसर पर जिला कार्यालय मंत्री जितेंद्र कुमार, तुलसीराम नामा, सुखवीर सिंह कराड, द्वारका प्रसाद सेन, नवीन मूंदड़ा, अमर लाल कराड, रामेश्वर सैनी, रजनीश आचार्य, पवित्र गौतम, मनीष गोचर, गोपाल मेहरा, काजल शुक्ला, विशेष चौधरी, सुनील खटीक, अनिल सैनी, उमेश गोयल, योगेश शर्मा, सुनील बेनीवाल सहित अनेक शिक्षक एवं पदाधिकारी उपस्थित रहे।




