केशवरायपाटन विधायक सीएल प्रेमी ने जयपुर में सहकारिता मंत्री गौतम दक से मुलाकात कर केशवरायपाटन सहकारी शुगर मिल के पुनर्संचालन का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। विधायक ने बताया कि राज्य सरकार ने बजट सत्र में शुगर मिल को पुनः शुरू करने की घोषणा की थी, लेकिन अभी तक धरातल पर कोई कार्य शुरू नहीं हुआ है।
उन्होंने मंत्री को बताया कि शुगर मिल पर किसी प्रकार की देनदारी नहीं है और सभी देनदारियां चुकाने के बाद भी लगभग 53 करोड़ रुपये की राशि बची हुई है। इसके साथ ही मिल के पास करीब 96 बीघा भूमि उपलब्ध है, जो परियोजना के लिए पर्याप्त संसाधन प्रदान करती है।
पूर्व में नेशनल शुगर फेडरेशन की विशेषज्ञ टीम भी इस मिल के पुनर्संचालन को लेकर सकारात्मक रिपोर्ट दे चुकी है। यह शुगर मिल कोटा-बूंदी क्षेत्र के लगभग 80 हजार किसानों को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित करती है और 4 हजार से अधिक किसान इसके शेयरधारक हैं।
विधायक ने कहा कि यदि यह मिल पुनः शुरू होती है तो कोटा, बूंदी और बारां के किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। क्षेत्र में पर्याप्त गन्ना उत्पादन की संभावना भी है, जिससे 5 हजार मीट्रिक टन क्षमता का प्लांट आसानी से चलाया जा सकता है। साथ ही चीनी के साथ गन्ने के उप-उत्पादों से भी अतिरिक्त आय के स्रोत बन सकते हैं।
सहकारिता मंत्री गौतम दक ने विधायक की बातों को गंभीरता से सुना और आश्वस्त किया कि सरकार इस मामले में गंभीर है तथा जल्द ही आवश्यक कार्रवाई शुरू की जाएगी।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
राजनीति की हर हलचल, क्रिकेट और स्पोर्ट्स की हर अपडेट, और देश-दुनिया की बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए eNews Bharat के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से जुड़ना न भूलें।




