कर्मा बाई की जन्म स्थली कालवा बड़ा में पहली बार भव्य कलश यात्रा के साथ करनी कथा का शुभारंभ हुआ। कथा की शुरुआत से पहले कथा वाचक डॉ. करनी प्रताप सिंह महाराज ने तरानोट माता मंदिर में विधिवत पूजा अर्चना कर कलश यात्रा का शुभारंभ किया।
इस भव्य आयोजन में 1100 महिलाओं ने अपने सिर पर कलश धारण किया। आयोजनकर्ता प्रिंयका राठौड़ और ओम कंवर ने कलश धारण करने वाली महिलाओं को चुनरी पहनाकर स्वागत किया। मुख्य कलश बेटियों और बहनों ने धारण किया, जबकि सरपंच दिलीप सिंह राठौड़ ने करनी कथा पुस्तक को माथे पर रखा।
कलश यात्रा तरनोट माता मंदिर से प्रारंभ होकर कर्मा माता मंदिर, चारभुजा मंदिर, रघुनाथ मंदिर, मुख्य बाजार, गढ़ और कुम्हार मोहल्ला होते हुए कथा पंडाल तक पहुँची। रोड मार्ग पर श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। यात्रा के दौरान माता करणी रथ पर सवार थीं और महिलाओं में उत्साह व उमंग का वातावरण पूरा कस्बा धर्ममय बना रहा।
कथा का प्रथम दिन:
डॉ. करनी प्रताप सिंह महाराज ने व्यास पीठ की पूजा अर्चना के साथ कथा का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि भक्ति में ही शक्ति है, और जो व्यक्ति भक्ति रूपी अमृत का पान करता है, उसका जीवन सफल होता है। उन्होंने ज्ञान, वैराग्य और भक्ति के माध्यम से जीवन के संकटों का समाधान बताया।
डॉ. सिंह ने माता करणी को हिंगलाज माता का अवतार और चिर युवा शक्ति के रूप में वर्णित किया। उन्होंने कहा कि माता की कृपा से ही जीवन में ज्ञान और भक्ति का प्रसार संभव है। धर्म केवल पूजा नहीं बल्कि जीवन जीने की कला सिखाता है – हंसना, दौड़ना और एक अच्छा इंसान बनना।
कथा के दौरान कर्नू बन्ना की सुंदर भजनों की प्रस्तुति ने भक्तों को भाव विभोर कर दिया। कथा विराम के बाद माता करणी की आरती की गई और श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण किया गया।
इस अवसर पर सरपंच दिलीप सिंह, पूर्ण सिंह, महेंद्र सिंह, संपत सिंह, अर्जुन सिंह, लाल सिंह, प्रहलाद सिंह, हंसा कंवर, अन्नू, अंजू, पूजा, पुष्पा, तिजा कंवर, ज्योति, प्रेम कंवर, संतोष, अंतर कंवर, पृथ्वी सिंह, हनुमान, दीपेंद्र सिंह, महिपाल, शक्ति सिंह, मनीष, इंद्रजीत सिंह, बिशन सिंह, भवानी सिंह, राजेंद्र सिंह, रणवीर सिंह




