जोबनेर स्थित श्री कर्ण नरेंद्र कृषि महाविद्यालय के पादप रोग विज्ञान विभाग द्वारा किसानों और विद्यार्थियों के लिए विशेष अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे डॉ. पंकज शर्मा, संयुक्त निदेशक, स्कूल ऑफ क्रॉप हेल्थ बायोलॉजी रिसर्च, आईसीएआर–नेशनल इंस्टिट्यूट फॉर बायोटिक स्ट्रेस मैनेजमेंट, रायपुर।
डॉ. शर्मा का स्वागत डॉ. शैलेश गोदीका, आचार्य एवं विभागाध्यक्ष, पादप रोग विज्ञान विभाग ने पुष्प गुच्छ भेंट कर किया।
मुख्य विषय “ब्रैसिका फसलों में स्क्लेरोटिनिया रॉट के प्रबंधन में अनुसंधान प्रगति” था। डॉ. शर्मा ने बताया कि यह रोग विशेष रूप से सरसों और अन्य ब्रैसिका फसलों में तना सड़न उत्पन्न करता है और इसके कारण भारी उपज हानि हो सकती है। उन्होंने किसानों और विद्यार्थियों को समेकित रोग प्रबंधन (IPM) अपनाने की सलाह दी। इसमें शामिल हैं:
उचित फसल चक्र का पालन
संतुलित उर्वरक का उपयोग
खेत में जल निकासी की व्यवस्था
रोगमुक्त बीज का प्रयोग
जैविक और रासायनिक नियंत्रण उपायों का संतुलित प्रयोग
कार्यक्रम में लगभग 60 स्नातकोत्तर विद्यार्थी और स्थानीय किसान उपस्थित रहे। किसानों ने अपने अनुभव साझा किए और रोग प्रबंधन से संबंधित कई सवाल पूछे, जिनका डॉ. शर्मा ने विस्तार से समाधान बताया।
डॉ. शैलेश गोदीका ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि यह व्याख्यान छात्रों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करेगा और भविष्य में किसानों के लिए लाभकारी साबित होगा। कार्यक्रम में अन्य उपस्थित विशेषज्ञों में डॉ. अख्तर हुसैन, डॉ. शशिकांत गोयल, डॉ. शंकर लाल शर्मा, डॉ. मनोहर राम, डॉ. कैलाश मेघवाल और डॉ. आनंद कुमार मीणा शामिल थे। संचालन पिंकी शर्मा द्वारा किया गया।
इस व्याख्यान ने न केवल छात्रों को




