श्रीगंगानगर जिले के रावला मंडी क्षेत्र के गांव 2 केएनडी में मानवता और सेवा की एक प्रेरणादायक मिसाल देखने को मिली, जहां जीवनदायिनी ब्लड सेवा समिति द्वारा एक जरूरतमंद बेटी का 11वां भात भरकर उसके विवाह में महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया गया।
यह कार्यक्रम न केवल एक सामाजिक पहल था बल्कि उस परिवार के लिए उम्मीद की किरण भी बना, जो लंबे समय से आर्थिक तंगी से जूझ रहा था।
समिति के संस्थापक विनोद डारा ने बताया कि संबंधित परिवार में केवल मां और बेटी ही हैं, और परिवार के मुखिया (पिता) का कुछ वर्ष पूर्व निधन हो चुका है। पिता के निधन के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर होती चली गई, जिससे बेटी के विवाह की चिंता परिवार के लिए बड़ी चुनौती बन गई थी।
इस पूरे मामले की जानकारी तब सामने आई जब एक स्थानीय अखबार में परिवार की स्थिति को लेकर समाचार प्रकाशित हुआ। इसके बाद जीवनदायिनी ब्लड सेवा समिति के संचालक डॉ. पुनाराम रोझ ने अन्य सदस्यों के साथ विचार-विमर्श कर तुरंत सहायता करने का निर्णय लिया।
समिति ने पहल करते हुए जरूरतमंद बेटी के विवाह के लिए घरेलू उपयोग की वस्तुएं, इलेक्ट्रिक सामान, राशन सामग्री और अन्य आवश्यक वस्तुएं भेंट कीं, ताकि विवाह की तैयारियों में किसी भी प्रकार की कमी न रहे।
इस अवसर पर गौ सेवा युवा टीम 32 हैड ने भी सहयोग प्रदान किया और भात कार्यक्रम में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वहीं बजरंग दल के जिला संयोजक सुशील खिलेरी ने भी मानवीय पहल दिखाते हुए परिवार के मकान की छत निर्माण के लिए 10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी।
कार्यक्रम में कई सामाजिक कार्यकर्ता, भामाशाह और ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इनमें सिंचाई विभाग के अधिकारी महेंद्र भादू, रामेश्वर बाबल, लिखमाराम स्वामी, सत्यप्रकाश डारा, संतोष तरड़, मुकेश भादू, डॉ. विनोद ढाका, सुरेंद्र पारीक, सोहनलाल मेघवाल, डॉ. हरिराम घोड़ेला सहित कई लोग शामिल रहे।
समिति पदाधिकारियों ने जानकारी दी कि यह उनका 11वां भात कार्यक्रम है और अब तक कुल 16 जरूरतमंद बेटियों के विवाह में वे सहायता कर चुके हैं। समिति का उद्देश्य समाज के कमजोर वर्गों की बेटियों के विवाह में आर्थिक और सामाजिक सहयोग प्रदान करना है, ताकि किसी भी परिवार को अपनी बेटी के विवाह के लिए संघर्ष न करना पड़े।




