जयपुर की पुरानी हवेली में खुदाई से निकला करोड़ों का खजाना
जयपुर में एक पुरानी हवेली को तोड़ने और उसकी खुदाई के दौरान करीब 1.75 करोड़ रुपये की चांदी मिलने का मामला सामने आया है। हवेली से चांदी मिलने के बाद इसे छिपाने और चोरी करने की कथित साजिश ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया। पुलिस जांच में ठेकेदार महेश मल्होत्रा उर्फ छोटू खटीक से पूछताछ के दौरान कई अहम बातें सामने आई हैं।
बताया जा रहा है कि महेश की पत्नी को पहले से अंदाजा था कि पुरानी हवेली के नीचे सोना-चांदी या कोई पुराना खजाना दबा हो सकता है। इसी जानकारी के बाद दोनों ने हवेली की स्थिति देखी और वहां खुदाई का ठेका लेने की योजना बनाई।
पत्नी ने बताया था हवेली के नीचे खजाना होने का अंदाजा
पुलिस के मुताबिक, महेश मल्होत्रा की पत्नी ने उसे बताया था कि पुरानी हवेलियों में पहले लोग कीमती सामान जमीन के नीचे छिपाकर रखते थे। इसी वजह से दोनों ने हवेली को देखा और वहां खजाना मिलने की संभावना जताई।
इसके बाद महेश ने हवेली तोड़ने का ठेका लेने का फैसला किया। खास बात यह रही कि उसने यह ठेका बाजार की कीमत से काफी कम में हासिल किया। हवेली मालिक राहुल सेठी ने करीब 5 लाख रुपये में हवेली तोड़ने का ठेका महेश को दिया।
हवेली मालिक ने ठेकेदार को साफ निर्देश दिया था कि अगर खुदाई के दौरान सोना, चांदी या कोई अन्य कीमती सामान मिलता है तो उसकी जानकारी तुरंत दी जाए। आरोप है कि इसी बात से महेश को भी अंदाजा हो गया कि हवेली में कुछ कीमती सामान मिलने की संभावना है।
खुदाई में सबसे पहले मिले 1500 चांदी के सिक्के
खुदाई शुरू होने के बाद ठेकेदार और मजदूरों को बड़ी मात्रा में चांदी के सिक्के मिले। रिपोर्ट के मुताबिक, शुरुआती खुदाई में करीब 1500 चांदी के सिक्के मिले थे।
आरोप है कि इन सिक्कों को मजदूरों के साथ बांट लिया गया। लेकिन सिक्के मिलने के बाद मामला यहीं नहीं रुका। इसके बाद कथित तौर पर ठेकेदार ने खुदाई का तरीका ही बदल दिया और मजदूरों को हटाकर अपने परिवार के सदस्यों को खुदाई में शामिल कर लिया।
बेसमेंट में मिली तिजोरी, अंदर थीं चांदी की सिल्लियां
मामले में सबसे बड़ा खुलासा तब हुआ जब हवेली के बेसमेंट की खुदाई के दौरान एक तिजोरी मिली। आरोप है कि इस तिजोरी के अंदर चांदी की सिल्लियां रखी हुई थीं।
चांदी की सिल्लियां मिलने के बाद ठेकेदार ने कथित तौर पर उन्हें मजदूरों से दूर रखा और परिवार के सदस्यों की मदद से वहां से निकालने की योजना बनाई। इसके बाद चांदी को अलग-अलग जगहों पर ले जाकर छिपाने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, परिवार की एक महिला और दूसरी साली के जरिए चांदी को जंगल में तय जगह पर छिपाया गया था। इस तरह हवेली से निकलने वाली चांदी को धीरे-धीरे वहां से हटाने की कथित योजना बनाई गई।




