देहरादून में ₹16 करोड़ का पुल पहली बारिश में फेल, 16 दिन में धंसा; निर्माण गुणवत्ता पर बड़े सवाल
क्या करोड़ों रुपये खर्च कर बनाया गया पुल सिर्फ 16 दिन में जवाब दे सकता है? क्या पहली बारिश ने ही सरकारी निर्माण की पोल खोल दी? उत्तराखंड के देहरादून से सामने आई एक ऐसी तस्वीर ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं, जहां करीब ₹16 करोड़ की लागत से बना नया पुल पहली तेज बारिश को भी नहीं झेल पाया और क्षतिग्रस्त हो गया।
देहरादून-पांवटा साहिब पुराने राजमार्ग पर टौंस नदी के ऊपर बने नंदा की चौकी पुल में बारिश के बाद धंसाव और गड्ढे दिखाई देने लगे। हालात इतने खराब हो गए कि सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने पुल पर वाहनों की आवाजाही रोक दी। अब इस मामले ने पुल निर्माण की गुणवत्ता और सरकारी परियोजनाओं की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
16 दिन में ही पुल को हुआ नुकसान
जानकारी के मुताबिक, यह नया पुल हाल ही में यातायात के लिए खोला गया था, लेकिन कुछ ही दिनों बाद हुई पहली बारिश ने इसकी मजबूती पर सवाल खड़े कर दिए। पुल के क्षतिग्रस्त होने के बाद मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने निरीक्षण शुरू किया और नुकसान के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है।
पुराने पुल के टूटने के बाद बनाया गया था नया पुल
नंदा की चौकी क्षेत्र में पहले मौजूद मुख्य पुल 15 सितंबर 2025 की रात क्षतिग्रस्त हो गया था। पुल की एबटमेंट वॉल और एक स्लैब टूटने के बाद लोगों की आवाजाही जारी रखने के लिए अस्थायी व्यवस्था की गई थी। इसके लिए ह्यूम पाइप डालकर अस्थायी पुलिया बनाई गई, जो करीब 10 महीने तक लोगों के लिए आवागमन का जरिया बनी रही।
इसके बाद करीब ₹16 करोड़ की लागत से नए पुल का निर्माण शुरू किया गया। निर्माण पूरा होने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि अब लंबे समय की परेशानी खत्म होगी, लेकिन पहली बारिश के बाद ही पुल की हालत ने सभी को हैरान कर दिया।
PWD ने शुरू की जांच, जिम्मेदारी तय करने की मांग
पुल के क्षतिग्रस्त होने के बाद लोक निर्माण विभाग यानी
PWD ने जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी जांच के बाद ही पता चल पाएगा कि पुल को नुकसान बारिश की वजह से हुआ या निर्माण में किसी तरह की कमी रही।
वहीं, स्थानीय लोग इस घटना से नाराज हैं। उनका कहना है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी अगर कोई पुल इतनी जल्दी खराब हो जाता है तो इसकी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए।
करोड़ों की परियोजनाओं पर उठे सवाल
यह घटना सिर्फ एक पुल के नुकसान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सरकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, निगरानी और समय पर जांच को लेकर भी बड़ा सवाल खड़ा करती है। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट पर है कि आखिर ₹16 करोड़ के इस पुल को पहली बारिश में नुकसान क्यों पहुंचा और इसके लिए जिम्मेदार कौन है।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
राजनीति की हर हलचल, क्रिकेट और स्पोर्ट्स की हर अपडेट, और देश-दुनिया की बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए eNews Bharat के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से जुड़ना न भूलें।
Instagram: https://www.instagram.com/enewsbharat24
Facebook: https://www.facebook.com/enewsbharat24
YouTube (Subscribe): https://www.youtube.com/@eNewsBharat24
X (Twitter): https://x.com/eNewsBharat24
यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू। eNewsBharat के साथ जुड़े रहें देश-विदेश की बड़ी राजनीतिक घटनाएँ, जीएसटी फ्रॉड से जुड़ी अहम जानकारियाँ, स्पोर्ट्स और जनहित से जुड़ी हर ज़रूरी खबर — पल-पल की सटीक जानकारी के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें। आपका भरोसा ही हमारी ताकत है। हम आगे भी आपको सबसे तेज़, निष्पक्ष और भरोसेमंद खबरें पहुँचाते रहेंगे।
#UttarakhandNews #BridgeDamage #NandaKiChowkiBridge #BreakingNews #HindiNews #eNewsBharat