दुर्गा अष्टमी पर चौथ माता मंदिर में गूंजे भक्ति के स्वर
कस्बे के कटला प्रांगण स्थित प्राचीन चौथ माता मंदिर में सोमवार को दुर्गा अष्टमी का पर्व श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन का भव्य आयोजन हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर माता रानी की आराधना की। महिला मंडली द्वारा प्रस्तुत भक्ति गीतों और मधुर भजनों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा तथा मंदिर परिसर माता के जयकारों से गूंज उठा।
दोपहर 2 बजे से प्रारंभ हुए भजन-कीर्तन कार्यक्रम में माता रानी की महिमा का गुणगान किया गया। संगीतमय प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया। कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालु पूरे उत्साह के साथ माता के जयकारे लगाते रहे और वातावरण पूरी तरह धार्मिक आस्था से ओत-प्रोत बना रहा।
इस धार्मिक आयोजन का आयोजन अमेरिका में अपनी कंपनी संचालित कर रहे प्रवासी टोडारायसिंह निवासी डॉ. नंदकिशोर रावत, पुत्र बसंतीलाल रावत के सहयोग से संपन्न हुआ। स्थानीय श्रद्धालुओं ने उनके इस सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि विदेश में रहकर भी अपनी जन्मभूमि, संस्कृति और धार्मिक परंपराओं से जुड़े रहना समाज के लिए प्रेरणादायक है।
दुर्गा अष्टमी के अवसर पर दोपहर से ही श्रद्धालुओं का मंदिर में पहुंचना शुरू हो गया था। महिलाओं, युवाओं, बच्चों और बुजुर्गों ने माता रानी के दर्शन कर परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली और मंगलकामना की प्रार्थना की। मंदिर परिसर में पूरे दिन श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही।
कार्यक्रम के समापन पर वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ माता रानी की महाआरती की गई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। महाआरती के पश्चात सायंकाल 5 बजे सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया। प्रसाद ग्रहण कर भक्तों ने धर्म लाभ अर्जित किया तथा आयोजन की भूरी-भूरी प्रशंसा की। पूरे आयोजन के दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का विशेष वातावरण बना रहा।




