हरिकृपा आश्रम परिसर, विकरलाई में आयोजित श्री बांके बिहारी मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के समापन अवसर पर श्रद्धालुओं एवं भक्तों का विशाल जनसमूह उमड़ पड़ा। पूरे आयोजन के दौरान भक्तिमय वातावरण बना रहा तथा समापन समारोह में मंदिर निर्माण एवं धार्मिक आयोजन में सहयोग करने वाले भामाशाहों एवं समाजसेवियों का सम्मान किया गया।
यह सम्मान समारोह ब्रह्मऋषि ब्रह्मचार्य अनंत विभूषित ब्रह्म सावित्री सिद्ध पीठाधीश्वर संत श्री तुलछारामजी महाराज के पावन सानिध्य में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री अविनाश गहलोत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों को समाज में संस्कारों और एकता को मजबूत करने वाला बताया।
समारोह के दौरान शेरसिंह अराबा, बाबूसिंह आसारलाई, गजयसिंह धाधलावास, मदनसिंह अराबा एवं मंच संचालक शैतानसिंह दुदौड़ सहित विभिन्न क्षेत्रीय समाजसेवियों, भामाशाहों और सहयोगकर्ताओं का सम्मान किया गया। आयोजन समिति ने मंदिर निर्माण और प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव को सफल बनाने में उनके योगदान की सराहना की।
इस अवसर पर समाजसेवी बाबूसिंह सांगावास, नारायणसिंह निमाज, बगदसिंह मंडला, राजेन्द्रसिंह लूणावास, पदमसिंह कागनाडा, गोरधनसिंह अराबा, सत्यनारायणसिंह सरवड़ी, प्रवीणसिंह चावंडा सहित अनेक गणमान्य नागरिक, समाज बंधु, जनप्रतिनिधि एवं ग्रामवासी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर धर्मलाभ अर्जित किया।
कार्यक्रम के अंत में हरिकृपा आश्रम की साध्वी संतोष बाईसा ने प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के सफल एवं भव्य आयोजन में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं, भामाशाहों, दानदाताओं, सहयोगकर्ताओं एवं अतिथियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने सभी उपस्थित जनों को सुख, समृद्धि और मंगलमय जीवन का आशीर्वाद प्रदान किया।
समापन समारोह के साथ ही आठ दिवसीय धार्मिक महोत्सव का सफलतापूर्वक समापन हुआ, जिसने क्षेत्र में धार्मिक चेतना, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक मूल्यों को नई ऊर्जा प्रदान की।




