विश्व बाल श्रम निषेध दिवस पर विधिक जागरूकता शिविर आयोजित
बाल अधिकारों की सुरक्षा और शिक्षा के महत्व पर दिया गया संदेश
राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण डीडवाना तथा ताल्लुका विधिक सेवा समिति मकराना की ओर से विश्व बाल श्रम निषेध दिवस के अवसर पर गुरुवार को न्यायालय परिसर के बाहर विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य आमजन को बाल श्रम से संबंधित कानूनों, बच्चों के अधिकारों और शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक करना था।
शिविर में पेनल अधिवक्ता तलत हुसैन हनीफी ने उपस्थित नागरिकों को संबोधित करते हुए कहा कि विश्व बाल श्रम निषेध दिवस प्रत्येक वर्ष 12 जून को पूरी दुनिया में मनाया जाता है। इसका मुख्य उद्देश्य बाल श्रम को समाप्त करना, बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना तथा उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य और सुरक्षित भविष्य उपलब्ध कराना है।
उन्होंने बताया कि बाल श्रम (निषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986 के अनुसार 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों को किसी भी प्रकार के जोखिमपूर्ण कार्य में लगाना या उनसे काम करवाना कानूनन अपराध है। यह कानून बच्चों के शारीरिक, मानसिक और शैक्षणिक विकास की सुरक्षा के लिए बनाया गया है।
अधिवक्ता हनीफी ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति 14 वर्ष से कम आयु के बच्चे को किसी कारखाने, कंपनी, माइंस, होटल, रेस्टोरेंट या अन्य खतरनाक कार्यस्थल पर काम के लिए नियुक्त करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। ऐसे मामलों में दोषी को कारावास के साथ आर्थिक दंड का भी प्रावधान है।
उन्होंने बताया कि 14 से 18 वर्ष आयु वर्ग के किशोरों को भी खतरनाक उद्योगों और प्रक्रियाओं में नियोजित करना प्रतिबंधित है। बाल श्रम बच्चों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है और इससे उनके भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को यह भी जानकारी दी गई कि वे अपने विभिन्न विवादों और मामलों का समाधान मध्यस्थता एवं लोक अदालत के माध्यम से भी करवा सकते हैं। इससे समय और धन दोनों की बचत होती है तथा विवादों का सौहार्दपूर्ण निस्तारण संभव हो पाता है।
इस अवसर पर पेनल अधिवक्ता तलत हुसैन हनीफी, पेनल अधिवक्ता मोहम्मद इमरान सिसोदिया, कोर्ट कर्मचारी गुमानाराम, अधिवक्ता खलील अहमद सिसोदिया, मोहम्मद इमरान गैसावत, कपिल बिरडा, मोहम्मद शब्बीर भाटी सहित बड़ी संख्या में आमजन मौजूद रहे। शिविर में सलीम उर्फ सल्लू, अब्दुल कलाम, जाकिर हुसैन, ईश्वर चंद्र, रणजीत, रामदेव, इकबाल सहित कई नागरिकों ने भाग लेकर जानकारी प्राप्त की।




