लखनऊ | लखनऊ में बना राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ केवल एक पार्क नहीं बल्कि भारतीय जनता पार्टी की वैचारिक यात्रा का जीवंत दस्तावेज है। 65 एकड़ में फैले और करीब 230 करोड़ रुपये की लागत से बने इस स्थल में BJP के तीन शिखर पुरुषों की 65 फीट ऊंची कांस्य प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। अटल बिहारी वाजपेयी के जन्म शताब्दी महोत्सव के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा उद्घाटित यह स्थल BJP के वैचारिक विस्तार का प्रतीक माना जा रहा है।
BJP शिखर पुरुषों की 65 फीट ऊंची प्रतिमाओं का महत्व
राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ में लगी प्रतिमाएं BJP की उस सोच को दर्शाती हैं जिसमें नेता केवल सत्ता का माध्यम नहीं बल्कि विचारों के वाहक होते हैं। इससे पहले उत्तर प्रदेश में बसपा शासनकाल में भी विशाल प्रतिमाएं बनी थीं, लेकिन BJP का दावा है कि यह स्थल केवल स्मारक नहीं बल्कि विचारधारा का शिक्षण केंद्र है।
अटल बिहारी वाजपेयी की विचारधारा और राष्ट्र निर्माण
अटल बिहारी वाजपेयी BJP का ऐसा चेहरा रहे जिन्होंने संवाद, लोकतंत्र और सहमति की राजनीति को प्राथमिकता दी। राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ में उनकी प्रतिमा भारत की लोकतांत्रिक आत्मा का प्रतिनिधित्व करती है। पोखरण परमाणु परीक्षण से लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजना तक अटल की नीतियां आज भी BJP की कार्यशैली का आधार हैं।
श्यामा प्रसाद मुखर्जी और कश्मीर का वैचारिक संघर्ष
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जनसंघ के संस्थापकों में थे। उनका सपना था — एक देश, एक संविधान। राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ में उनकी प्रतिमा इसी अधूरे सपने की पूर्णता का प्रतीक मानी जा रही है। 2019 में अनुच्छेद 370 हटाकर BJP ने मुखर्जी के विचारों को धरातल पर उतारने का दावा किया। इस ऐतिहासिक फैसले को उनकी वैचारिक जीत माना गया।
दीनदयाल उपाध्याय का अंत्योदय दर्शन
पंडित दीनदयाल उपाध्याय की अंत्योदय विचारधारा समाज के सबसे अंतिम व्यक्ति के उत्थान पर केंद्रित थी। राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ में उनकी प्रतिमा इसी सामाजिक न्याय का प्रतीक है। उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत, पीएम आवास योजना और मुफ्त राशन योजना दीनदयाल उपाध्याय की सोच को साकार करती हैं।
राष्ट्र प्रेरणा स्थल का राजनीतिक और सांस्कृतिक संदेश
राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ यह दिखाता है कि BJP केवल चुनावी पार्टी नहीं बल्कि एक सतत वैचारिक आंदोलन है जो जनसंघ से लेकर आज तक चला आ रहा है। यह स्थल आने वाली पीढ़ियों को BJP के संघर्ष, सिद्धांत और राष्ट्रवादी सोच से जोड़ने का प्रयास है।
विपक्ष की आलोचना और BJP का जवाब
विपक्ष इसे मूर्ति राजनीति करार देता है, लेकिन BJP का कहना है कि यह स्थल प्रेरणा और शिक्षा का केंद्र है, न कि केवल प्रदर्शन। BJP दावा करती है कि यहां व्यक्ति नहीं बल्कि विचार पूजे जाते हैं — यही फर्क इसे अन्य स्मारकों से अलग करता है।
राष्ट्र प्रेरणा स्थल से BJP क्या संदेश देना चाहती है
राष्ट्र प्रेरणा स्थल लखनऊ BJP के उस रोडमैप को दर्शाता है जिसमें राष्ट्रवाद, सामाजिक न्याय और सांस्कृतिक एकता प्रमुख हैं। इन तीनों शिखर पुरुषों की प्रतिमाएं BJP की वैचारिक विरासत और भविष्य की दिशा दोनों को स्पष्ट करती हैं।
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