केशवराइपाटन, संवाददाता: लोकेश शर्मा
Rajasthan में Panchayat Teacher Regularization Protest 2025 एक बड़ी आवाज़ बनकर उभर रहा है। बूंदी में पंचायत शिक्षक विद्यालय सहायक संघ ने आज भाजपा कार्यालय पर एक प्रबल प्रदर्शन कर सरकार का ध्यान आकर्षित किया। यह प्रदर्शन इस बात का प्रतीक है कि 27,000 पंचायत शिक्षक वर्षों से नियमितीकरण की प्रतीक्षा में संघर्ष कर रहे हैं।
Panchayat Teacher Regularization Protest 2025 क्या है?
इस आंदोलन के तहत प्रदेशभर के पंचायत शिक्षक नियमितीकरण की मांग कर रहे हैं। संविदा पर कार्यरत शिक्षक लंबे समय से अस्थिरता, कम वेतन और भविष्य की अनिश्चितता से जूझ रहे हैं। इसलिए यह प्रदर्शन सरकार के सामने अपनी आवाज मजबूती से रखने का माध्यम बना।
बैठक में उठे प्रमुख मुद्दे
बूंदी के वरिष्ठ शिक्षक नेताओं और सदस्यों की बैठक सीनियर हाई सेकेंडरी स्कूल बूंदी में आयोजित हुई। महासचिव वरुण शर्मा ने बताया कि बैठक में निम्न समस्याएँ चर्चा का मुख्य विषय रहीं— नियमितीकरण प्रक्रिया में अनावश्यक बाधाएँ,संविदा शिक्षकों की असुरक्षित स्थिति,स्थानीय प्रशासन द्वारा लंबित मामलों पर कार्रवाई न होना,शिक्षक संसाधनों की कमी से प्रभावित शिक्षा गुणवत्ता, बैठक का माहौल पूरी तरह शिक्षकों की चिंता और आक्रोश की झलक दिखा रहा था।
भाजपा कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन
बैठक के बाद सभी पंचायत शिक्षक विद्यालय सहायक जिला अध्यक्ष मनोज खटीक के नेतृत्व में रैली के रूप में भाजपा कार्यालय पहुँचे। वहाँ उन्होंने जोरदार नारेबाजी कर अपने अधिकारों की मांग उठाई। भाजपा जिला अध्यक्ष रामेश्वर मीणा को शिक्षकों ने ज्ञापन सौंपा, जिसमें यह स्पष्ट मांग रखी कि— “प्रदेश के 27,000 पंचायत शिक्षक विद्यालय सहायकों का तत्काल नियमितीकरण किया जाए।”
नियमितीकरण क्यों जरूरी?
संविदा नियुक्ति पर कार्यरत शिक्षकों का तर्क है कि— वे वर्षों से स्थाई शिक्षकों के समान जिम्मेदारियाँ निभा रहे हैं,उन्हें समान कार्य के बावजूद कम वेतन मिलता है,भविष्य असुरक्षित है,कई जिलों में शिक्षकों पर कार्यभार अत्यधिक है,Panchayat Teacher Regularization Protest 2025 में यह मुद्दा सबसे अधिक जोर से उठाया गया।
27,000 पंचायत शिक्षकों की मांगें
ज्ञापन में मुख्य रूप से यह माँगें थीं— सभी संविदा शिक्षकों का स्थाई पदों पर नियमितीकरण, लंबित फाइलों को तुरंत निपटाना,बजट में नियमितीकरण प्रक्रिया की घोषणा लागू करना,समान वेतन, समान अवसर का अधिकार, शिक्षकों ने कहा कि सरकार अपनी उपलब्धियाँ गिनाने में व्यस्त है, लेकिन संविदा शिक्षक आज भी भविष्य को लेकर असुरक्षित हैं।,
वित्त मंत्री की पूर्व घोषणा और अधूरी उम्मीदें
वित्त मंत्री दीया कुमारी ने बजट 2025 में घोषणा की थी कि-“सभी संविदा कर्मियों को IAS पैटर्न के अनुसार 2 वर्ष की छूट देकर नियमित किया जाएगा।” लेकिन शिक्षक नेताओं ने कहा कि यह घोषणा केवल कागज़ों में सीमित रह गई है और अभी तक धरातल पर लागू नहीं हुई। अगला बजट आने वाला है, लेकिन यह पुरानी घोषणा अभी भी अधूरी है।
जिला अध्यक्ष रामेश्वर मीणा की प्रतिक्रिया
ज्ञापन प्राप्त करने के बाद भाजपा जिला अध्यक्ष ने कहा—“आपकी मांगें बिल्कुल उचित हैं। इन्हें सरकार तक शीघ्र पहुँचाया जाएगा।” उनके इस आश्वासन से शिक्षकों में उम्मीद तो जागी, लेकिन साथ ही सभी ने जोर देकर कहा कि— “जब तक नियमितीकरण नहीं होता, आंदोलन जारी रहेगा।”
Panchayat Teacher Regularization Protest 2025 यह साबित करता है कि राजस्थान के हजारों पंचायत शिक्षक अब चुप रहने को तैयार नहीं हैं। उनकी आवाज अब पूरे प्रदेश में गूंज रही है। बूंदी में हुआ यह प्रदर्शन सरकार के लिए एक संकेत है कि संविदा कर्मचारियों की समस्याएँ अब तत्काल समाधान चाहती हैं। सरकार यदि उन्हें स्थाई नियुक्ति दे देती है, तो शिक्षा की गुणवत्ता और शिक्षक वर्ग दोनों को एक नई मजबूती मिलेगी।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
राजनीतिक खबरों , क्रिकेट, स्पोर्ट्स और देश-दुनिया की लेटेस्ट खबरों के लिए हमारे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को फॉलो करना न भूलें:
Instagram:
Facebook:
YouTube (Subscribe):
X (Twitter):
यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू
eNewsBharat के साथ जुड़े रहें
देश-विदेश के जीएसटी फ़्रौड ,सूचनाओ ,स्पोर्ट्स सभी बड़ी घटनाओं की पल–पल की खबरें पाने के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें। आपका भरोसा ही हमारी ताकत है — हम आगे भी आपको सबसे तेज़ और सटीक खबरें पहुंचाते रहेंगे।
अधिक खबरों के लिए पढ़ें -> eNews-bharat
#PanchayatTeacherProtest #Regularization #BundiNews #RajasthanTeachers #EducationNews #TeacherRights #ContractTeachers #RajasthanPolitics #enewsrajasthan #enewsbharat