टोंक, संवाददाता: उमाशंकर शर्मा
भक्तामर मंडल विधान पूजन का भव्य आयोजन टोडारायसिंह क्षेत्र के ग्राम कालेड़ा कंवर जी स्थित श्री पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर में श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर श्री 1008 चिंतामणि मूलनायक पारसनाथ भगवान के सान्निध्य में भक्तामर महामंडल विधान संपन्न कराया गया। इस bhaktamar mandal pujan में टोडारायसिंह, मदनपुरा, भीलवाड़ा, कोटा और देवली क्षेत्र से आए धाबडधिगा परिवार के श्रद्धालुओं सहित बड़ी संख्या में जैन समाज के धर्मप्रेमी बंधुओं ने भाग लिया।
श्री पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर में धार्मिक अनुष्ठान
ग्राम कालेड़ा कंवर जी स्थित श्री पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर इस अवसर पर पूरी तरह भक्तिमय वातावरण से सराबोर रहा। मंदिर परिसर में भक्तामर स्तोत्र, मंत्रोच्चार और पूजन-अर्चना की गूंज सुनाई दी।भक्तामर मंडल विधान पूजन के दौरान श्रद्धालुओं ने पूर्ण विधि-विधान से भगवान पारसनाथ की आराधना कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
मुनि श्री सुधा सागर जी महाराज के प्रवचनों से प्रेरणा
विकास कालेड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि यह आयोजन तीर्थ चक्रवर्ती, जगत पूज्य निर्यापक मुनि पुंगव 108 श्री सुधा सागर जी महाराज के मंगल प्रवचनों से प्रेरित होकर किया गया। मुनि श्री के अनुसार प्रत्येक जैन परिवार को वर्ष में कम से कम एक बार अपने मूल निवास स्थान के जिन मंदिर में जाकर दर्शन, पूजन, अभिषेक या विधान अवश्य करना चाहिए। इसी भावना के अनुरूप bhaktamar mandal pujan का आयोजन किया गया।
बाहर से आए धर्मप्रेमी बंधुओं की भागीदारी
इस bhaktamar mandal pujan में बाहर से आए अनेक धर्मप्रेमी बंधुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी श्रद्धालुओं ने बड़े ही भक्ति भाव से विधान पूजा-अर्चना की। पूरे आयोजन के दौरान अनुशासन, श्रद्धा और आध्यात्मिक चेतना का विशेष अनुभव हुआ।
कालेड़ा परिवार की सामूहिक सहभागिता
टोडारायसिंह के कालेड़ा परिवार ने सामूहिक रूप से इस bhaktamar mandal pujan में भाग लेते हुए जिन मंदिर में भगवान का अभिषेक किया और मंडल विधान का पाठ किया। इस अवसर पर टोडारायसिंह से प्रेमचंद जैन, पदमचंद जैन, दीपक जैन, मुकेश जैन सहित कालेड़ा परिवार के समस्त सदस्यों ने धार्मिक कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता निभाई।
भगवान पारसनाथ का विधिवत अभिषेक
विधान के दौरान भगवान पारसनाथ का विधिवत अभिषेक किया गया। अभिषेक के समय मंत्रोच्चार और भक्तामर स्तोत्र पाठ से पूरा मंदिर परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। bhaktamar mandal pujan के दौरान श्रद्धालुओं ने भगवान से शांति, समृद्धि और आत्मकल्याण की कामना की।
भक्तिमय वातावरण और आध्यात्मिक ऊर्जा
पूरे कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में शांति, भक्ति और अनुशासन का वातावरण बना रहा। यह आयोजन जैन धर्म की परंपराओं और संस्कारों को सजीव रूप में प्रस्तुत करता नजर आया। bhaktamar mandal pujan ने नई पीढ़ी को भी धार्मिक मूल्यों और आध्यात्मिक अनुशासन से जोड़ने का कार्य किया।
धार्मिक आयोजनों का सामाजिक व आध्यात्मिक महत्व
इस प्रकार के धार्मिक आयोजन समाज में एकता, शांति और नैतिक मूल्यों को मजबूत करते हैं। साथ ही यह आत्मशुद्धि और आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त करते हैं। bhaktamar mandal pujan जैसे विधान जैन समाज की धार्मिक चेतना को निरंतर सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें
राजनीति की हर हलचल, क्रिकेट और स्पोर्ट्स की हर अपडेट, और देश-दुनिया की बड़ी खबरें सबसे पहले पाने के लिए eNewsBharat के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से जुड़ना न भूलें।
Instagram:
Facebook:
YouTube (Subscribe):
X (Twitter):
यहां आपको मिलेंगे लाइव अपडेट्स, ब्रेकिंग न्यूज़, शॉर्ट वीडियो, एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, मैच प्रीव्यू और रिव्यू
eNewsBharat के साथ जुड़े रहें
देश-विदेश की बड़ी राजनीतिक घटनाएँ, जीएसटी फ्रॉड से जुड़ी अहम जानकारियाँ, स्पोर्ट्स और जनहित से जुड़ी हर ज़रूरी खबर — पल-पल की सटीक जानकारी के लिए eNewsBharat को लगातार विज़िट करते रहें।
आपका भरोसा ही हमारी ताकत है।
हम आगे भी आपको सबसे तेज़, निष्पक्ष और भरोसेमंद खबरें पहुँचाते रहेंगे।
अधिक खबरों के लिए पढ़ें –> eNews-bharat
#BhaktamarMandalPujan #BhaktamarVidhan #JainReligion #DigambarJain #Parshvanath #JainTemple #SpiritualEvent #TodraRaisingh #RajasthanNews #ReligiousProgram #enewsbharat #enewsrajasthan